smart village

smart village: बिहार के इस जिले में बनेगा देश का पहला स्मार्ट विलेज, यहाँ मिलेंगी ये खास सुविधाएँ

बिहार में अब स्मार्ट सिटी की तर्ज पर स्मार्ट विलेज का निर्माण करने की योजना बनाई गई है। इसके तहत राज्य के बांका जिले में देश का पहला स्मार्ट विलेज बनाने की तैयारी चल रही है। इस गांव को बाबरचक नामक स्थान पर विकसित किया जाएगा, और इस परियोजना का उद्घाटन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने प्रगति यात्रा के दौरान किया था। अब इस प्रोजेक्ट के दूसरे चरण में जमीन के मापी की प्रक्रिया तेज़ी से जारी है, और गांव को विकसित करने के लिए काम की शुरुआत हो चुकी है। इस परियोजना को लेकर लोगों में काफी उत्सुकता और उम्मीदें हैं, क्योंकि यह गांव कई अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस होगा और देश का पहला स्मार्ट विलेज होने का गर्व भी प्राप्त करेगाबांका जिले के बाबरचक गांव को स्मार्ट विलेज के रूप में विकसित होगा, जो देश का पहला ऐसा गांव होगा। इस परियोजना के तहत स्मार्ट विलेज में कई तरह की सुविधाएं दी जाएंगी। सबसे पहले, गांव में भूमिहीन परिवारों के लिए घर बनाए जाएंगे, जिससे हर परिवार को रहने के लिए उचित स्थान मिलेगा। इसके अलावा, सड़कें बेहतर बनाई जाएंगी, जिससे आवागमन सुगम होगा। स्वास्थ्य सेवाओं का भी विकास किया जाएगा, ताकि ग्रामीणों को बेहतर चिकित्सा सुविधा मिल सके। गांव के विद्यालयों को अपग्रेड किया जाएगा, और आंगनबाड़ी की स्थिति में भी सुधार होगा

smart village

इसके अलावे, गांव में पेयजल की अत्याधुनिक व्यवस्था की जाएगी, ताकि लोगों को साफ और स्वच्छ पानी मिल सके। यहां एक नया बाजार भी विकसित किया जाएगा, जिससे स्थानीय लोगों को व्यापारिक लाभ होगा। इसके अलावा, गांव में तालाबों का सौंदर्यीकरण किया जाएगा, जिससे पर्यावरण को बेहतर बनाया जाएगा। खेलकूद के लिए एक स्टेडियम का निर्माण भी किया जाएगा, ताकि बच्चों और युवाओं को खेल की सुविधाएं मिल सकें। किसानों के लिए बागवानी और कृषि कार्यों को बढ़ावा दिया जाएगा, जिससे उनकी आय में वृद्धि हो सके। स्मार्ट विलेज का निर्माण एक बड़े क्षेत्र में किया जा रहा है। पूरे 11 एकड़ में इस गांव का निर्माण हो रहा है, और इसमें कुल 130 परिवारों को बसाने का लक्ष्य है। पहले फेज में 65 परिवारों के लिए आवास बनाए गए हैं, और दूसरे फेज में बाकी 65 परिवारों को बसाया जाएगा। इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य यह है कि शहरों जैसी सुविधाओं को अब गांवों में भी मुहैया कराया जाए। यह एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे ग्रामीणों का जीवन स्तर बेहतर हो सकेगा।

smart village

दूसरे फेज में, जहां बुनियादी सुविधाओं के अलावा लोगों के कौशल विकास पर भी ध्यान दिया जाएगा। इसमें स्थानीय लोगों को स्वरोजगार के लिए प्रशिक्षण दिया जाएगा। विशेषकर, महिलाओं को जीविका से जोड़ने के लिए कार्य किए जाएंगे, ताकि वे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें। इसके अलावा, मत्स्य पालन, पशुपालन, और अन्य कृषि कार्यों में भी प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे गांव के लोग अपने आय के स्रोतों को बढ़ा सकेंगे। इस परियोजना का कार्य 2023 में ही शुरू किया गया था, और अब यह स्मार्ट गांव जल्दी ही वास्तविक रूप में आकार लेने वाला है। राज्य सरकार और जिला प्रशासन की ओर से इसके लिए सभी आवश्यक कदम उठाए गए हैं, और यह सुनिश्चित किया गया है कि इस गांव में सभी प्रकार की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। इस स्मार्ट विलेज का निर्माण न केवल गांव के लोगों के जीवन को सरल और बेहतर बनाएगा, बल्कि यह पूरे राज्य के लिए एक आदर्श प्रस्तुत करेगा और देश में मिशाल के रूप में खड़ा होगाबिहार का यह स्मार्ट गांव देशभर में एक नयी पहल के रूप में उभरेगा, जो ग्रामीण विकास की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगा। इस प्रकार की परियोजनाओं से यह उम्मीद की जा रही है कि बिहार के अन्य गांवों में भी इस तरह के स्मार्ट विकास की शुरुआत हो, जिससे राज्य का ग्रामीण इलाका भी शहरों के समान समृद्ध और विकसित हो सके।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *